19 मार्च 2026 को चंडीगढ़ के पॉश इलाके सेक्टर 9 में दिनदहाड़े एक ऐसी वारदात हुई जिसने पूरे शहर को हिला कर रख दिया। इस घटना में प्रॉपर्टी डीलर विक्की मिड्डूखेड़ा की गोली मारकर हत्या कर दी गई। खास बात यह है कि यह इलाका VIP और हाई सिक्योरिटी जोन माना जाता है, जहां आमतौर पर इस तरह की घटनाएं नहीं होतीं।
जिम के बाहर 12 गोलियां बरसाई गईं
घटना उस समय हुई जब विक्की मिड्डूखेड़ा जिम में वर्कआउट करने के बाद बाहर निकला। जैसे ही वह अपनी SUV में बैठने लगा, तभी अचानक एक बाइक वहां आकर रुकी। बाइक पर दो युवक सवार थे, जो पहले से ही उसकी हर गतिविधि पर नजर रखे हुए थे।
एक हमलावर तेजी से बाइक से उतरा और सीधे विक्की के पास पहुंच गया। उसने बिना किसी चेतावनी के बेहद करीब से ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। बताया जाता है कि करीब 10 से 12 गोलियां सिर्फ 15–20 सेकंड के अंदर दाग दी गईं। गोलियां सीधे जान लेने के इरादे से चलाई गई थीं, जिससे विक्की को बचने का कोई मौका नहीं मिला।
दिनदहाड़े वारदात से मचा हड़कंप
इस पूरी घटना का सबसे खतरनाक पहलू यह रहा कि यह हत्या दिन के उजाले में, एक व्यस्त और सुरक्षित इलाके में हुई। फायरिंग की आवाज सुनते ही आसपास के लोग डर गए और मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
आमतौर पर अपराधी रात का समय चुनते हैं, लेकिन यहां दिन में हमला करना इस बात का संकेत है कि अपराधियों के मन में कानून का डर बहुत कम हो चुका है। यह एक तरह से खुला संदेश भी था कि गैंगस्टर अब कहीं भी वारदात कर सकते हैं।
टारगेट किलिंग: सीधे गाड़ी में बैठते वक्त हमला
हमलावरों ने हमला बिल्कुल सही समय पर किया। जैसे ही विक्की अपनी गाड़ी में बैठने लगा, उसी समय उसे निशाना बनाया गया।
गोली लगते ही वह गाड़ी के अंदर ही गिर पड़ा और गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हमलावर वारदात को अंजाम देने के बाद तुरंत बाइक पर बैठकर फरार हो गए।
उगाही और गैंगवार बना हत्या का कारण
जांच में सामने आया कि विक्की मिड्डूखेड़ा को पहले से धमकी भरे कॉल मिल रहे थे। उससे उगाही के लिए पैसे मांगे जा रहे थे और पैसे नहीं देने पर उसे जान से मारने की धमकी दी गई थी।
बताया जा रहा है कि यह हत्या उसी उगाही और गैंगवार का नतीजा है। प्रॉपर्टी बिजनेस में बड़े पैसों के लेन-देन के कारण ऐसे लोग अक्सर गैंगस्टर्स के निशाने पर रहते हैं।
गैंगस्टर लकी पटियाल ने ली जिम्मेदारी
घटना के बाद सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सामने आई, जिसमें कुख्यात गैंगस्टर लकी पटियाल ने इस हत्या की जिम्मेदारी ली।
इससे साफ हो गया कि यह कोई सामान्य हत्या नहीं, बल्कि एक प्लान्ड गैंगस्टर अटैक था। इस तरह की जिम्मेदारी लेना गैंगस्टर्स के लिए अपना दबदबा दिखाने का तरीका भी होता है।
CCTV में कैद हुई पूरी वारदात
इस पूरी घटना का वीडियो पास के CCTV कैमरों में रिकॉर्ड हो गया। वीडियो में साफ देखा गया कि कैसे हमलावर बाइक पर आते हैं, एक उतरकर फायरिंग करता है और फिर दोनों फरार हो जाते हैं।
इस फुटेज के आधार पर पुलिस को आरोपियों की पहचान करने और उन्हें पकड़ने में काफी मदद मिली।
पुलिस एक्शन और एनकाउंटर
घटना के तुरंत बाद पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे इलाके को सील कर दिया गया। शहर में नाकाबंदी कर दी गई और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई।
कुछ समय बाद पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी हरियाणा की तरफ भागे हैं। पुलिस ने कैथल में उन्हें घेर लिया। जब उन्होंने भागने की कोशिश की, तो पुलिस और आरोपियों के बीच मुठभेड़ हुई, जिसमें दोनों आरोपियों के पैर में गोली लगी और उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
लोगों में डर और कानून व्यवस्था पर सवाल
इस घटना के बाद चंडीगढ़ के लोगों में डर का माहौल है। लोग यह सवाल उठा रहे हैं कि अगर VIP इलाके में इस तरह की घटना हो सकती है, तो आम जनता कितनी सुरक्षित है।
सोशल मीडिया पर भी लोग इस मामले में सख्त कार्रवाई और गैंगस्टर नेटवर्क को खत्म करने की मांग कर रहे हैं।
आपकी राय?
इस घटना ने एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है—अगर समय रहते सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाते और मिली धमकियों को गंभीरता से लिया जाता, तो क्या इस तरह की दर्दनाक हत्या को रोका जा सकता था? क्या आपको लगता है कि प्रशासन और पुलिस को ऐसे मामलों में पहले ही सख्त कदम उठाने चाहिए? अपनी राय हमें जरूर बताएं, क्योंकि आपकी सोच ही ऐसे मामलों में बदलाव की शुरुआत बन सकती है।
