महाराष्ट्र के प्रमुख शहर पुणे से एक बड़ी क्राइम खबर सामने आई है। यहां पुलिस ने एक ऐसे शातिर गिरोह का भंडाफोड़ किया है जो ट्रैफिक सिग्नल पर खड़ी गाड़ियों को निशाना बनाकर चोरी करता था। इस गिरोह को “Tap-Tap Gang” के नाम से जाना जाता है।
यह खबर 14 मार्च 2026 के आसपास सामने आई, जब पुणे पुलिस ने कार्रवाई करते हुए इस गैंग के कई सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार यह गिरोह काफी समय से शहर में सक्रिय था और बेहद चालाक तरीके से लोगों को निशाना बनाकर उनके कीमती सामान पर हाथ साफ कर देता था।
क्या है ‘टैप-टैप गैंग’
“Tap-Tap Gang” नाम इस गिरोह के चोरी करने के खास तरीके की वजह से पड़ा है। इस गैंग के सदस्य पहले गाड़ी के शीशे या दरवाजे पर हल्का-सा टैप यानी खटखटाते थे।
जैसे ही ड्राइवर का ध्यान उनकी तरफ जाता, वे किसी बहाने से उसे बातों में उलझा लेते थे। इसी दौरान उनका दूसरा साथी गाड़ी के दूसरी तरफ से अंदर रखा सामान चुपचाप उठा लेता था और कुछ ही सेकंड में वहां से फरार हो जाता था।
यह पूरी घटना इतनी तेजी से होती थी कि कई बार ड्राइवर को समझ ही नहीं आता था कि उसके साथ चोरी हो चुकी है।
ट्रैफिक सिग्नल पर बनाते थे लोगों को निशाना
पुलिस जांच में सामने आया है कि यह गिरोह खास तौर पर व्यस्त ट्रैफिक सिग्नल और चौराहों को अपना निशाना बनाता था।
जब कोई कार रेड सिग्नल पर रुकती थी, तब गैंग के सदस्य वहां पहुंच जाते थे। उनमें से एक सदस्य कार के पास जाकर ड्राइवर से कहता था कि:
- आपकी कार से तेल लीक हो रहा है
- गाड़ी का टायर पंक्चर है
- गाड़ी के नीचे से कुछ गिर रहा है
ड्राइवर जैसे ही गाड़ी से उतरकर देखने लगता या ध्यान दूसरी तरफ जाता, उसी समय गैंग का दूसरा सदस्य कार का दरवाजा खोलकर अंदर रखा बैग, मोबाइल, लैपटॉप या पर्स उठाकर भाग जाता था।
कुछ ही सेकंड में हो जाती थी चोरी
इस गैंग की सबसे बड़ी खासियत यह थी कि यह पूरी घटना सिर्फ कुछ सेकंड में हो जाती थी।
गैंग के सदस्य पहले से ही अपनी जिम्मेदारियां तय कर लेते थे।
- एक व्यक्ति ड्राइवर को उलझाता
- दूसरा व्यक्ति सामान उठाता
- तीसरा व्यक्ति आसपास नजर रखता
जैसे ही चोरी होती, सभी सदस्य अलग-अलग दिशाओं में भाग जाते थे ताकि किसी को शक न हो।
कई दिनों से मिल रही थीं शिकायतें
पिछले कुछ महीनों से पुणे शहर में इस तरह की कई घटनाएं सामने आ रही थीं। कई लोगों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई कि ट्रैफिक सिग्नल पर अचानक उनका मोबाइल फोन, बैग या लैपटॉप गायब हो गया।
शुरुआत में लोगों को यह समझ नहीं आता था कि चोरी कैसे हुई, क्योंकि उन्हें किसी ने सीधे चोरी करते हुए नहीं देखा था।
लगातार बढ़ती शिकायतों को देखते हुए पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लिया और जांच शुरू की।
CCTV फुटेज से मिला सुराग
पुलिस ने शहर के कई ट्रैफिक सिग्नलों और सड़कों पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस को कुछ संदिग्ध लोग बार-बार अलग-अलग जगहों पर एक ही तरीके से गाड़ियों के पास जाते हुए दिखाई दिए।
फुटेज के आधार पर पुलिस ने उन संदिग्ध लोगों की पहचान की और उनकी गतिविधियों पर नजर रखना शुरू कर दिया।
पुलिस ने बिछाया जाल
कुछ दिनों तक निगरानी करने के बाद पुलिस ने एक विशेष टीम बनाई और गैंग को पकड़ने के लिए जाल बिछाया।
जैसे ही पुलिस को जानकारी मिली कि गैंग के सदस्य एक खास इलाके में सक्रिय हैं, पुलिस टीम ने वहां छापा मारकर कई आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उनसे पूछताछ की, जिसमें कई अहम खुलासे हुए।
आरोपियों से बरामद हुआ चोरी का सामान
पुलिस ने गिरफ्तार किए गए आरोपियों के पास से कई कीमती सामान बरामद किए हैं। इनमें शामिल हैं:
- कई मोबाइल फोन
- लैपटॉप
- नकद पैसे
- बैग और अन्य कीमती सामान
पुलिस का मानना है कि यह सामान अलग-अलग लोगों से चोरी किया गया था। अब पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस गैंग ने अब तक कितनी घटनाओं को अंजाम दिया है।
और भी मामलों का खुलासा होने की आशंका
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह गिरोह काफी समय से सक्रिय था और हो सकता है कि इसने शहर के अलग-अलग इलाकों में कई और चोरी की घटनाएं की हों।
जांच के दौरान पुलिस पुराने मामलों की भी जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि कहीं उन घटनाओं के पीछे भी यही गैंग तो नहीं था।
पुलिस की सलाह और सावधानियां
पुणे पुलिस ने लोगों से सावधान रहने की अपील की है। पुलिस के अनुसार अगर कोई अजनबी व्यक्ति ट्रैफिक सिग्नल पर आपकी कार के पास आकर किसी समस्या की बात करे, तो तुरंत सतर्क हो जाएं।
कुछ जरूरी सावधानियां इस प्रकार हैं:
- कार के दरवाजे हमेशा लॉक रखें
- कीमती सामान सीट पर खुला न रखें
- अजनबी लोगों की बातों में तुरंत भरोसा न करें
- अगर कोई संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे तो तुरंत पुलिस को सूचना दें
शहर में राहत की सांस
इस गैंग के पकड़े जाने के बाद पुणे के लोगों ने राहत की सांस ली है। लगातार हो रही चोरी की घटनाओं से लोग परेशान थे, लेकिन अब पुलिस की कार्रवाई के बाद स्थिति में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।
पुलिस ने यह भी कहा है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए शहर के कई ट्रैफिक सिग्नलों पर निगरानी और बढ़ाई जाएगी।
आपकी क्या राय है?
इस घटना को लेकर आपकी क्या राय है? क्या आपको लगता है कि ट्रैफिक सिग्नल पर इस तरह की चोरी की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं और लोगों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है? इस पूरे मामले पर आप क्या सोचते हैं, अपनी राय हमें कमेंट में जरूर बताएं।
